Share this Post
उपाध्यक्ष, राज्य सफाई कर्मचारी आयोग  भगवत प्रसाद मकवाना ने आज आपदा निवारण एवं प्रबंधन केंद्र (DMMC) सभागार, सचिवालय में स्वच्छता कर्मचारियों की समस्याओं पर चर्चा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्वच्छता कर्मचारियों के जोखिम भरे कार्य को देखते हुए उनके बीमा कवर को ₹5 लाख से बढ़ाकर ₹10 लाख किए जाने के साथ ही स्वच्छता कर्मचारियों का वेतन उपनल एवं पीआरडी कर्मचारियों के समान सुनिश्चित किये जाने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छता कर्मचारी समाज के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, उनके हितों की रक्षा एवं सुविधाओं पर ध्यान देना हमारी प्राथमिकता है।
उन्होंने शासनादेश के अनुसार निकायों में कार्यरत मोहल्ला स्वच्छता समिति के कर्मचारियों के नियमितीकरण तथा स्वच्छता कर्मचारियों को भी श्रम विभाग के अंतर्गत टूल्स के माध्यम से कार्य करने वाले कर्मचारियों की भांति कुशल एवं अर्ध-कुशल श्रेणी में रखे जाने का प्रस्ताव तैयार किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने सीवर लाइन की सफाई के लिए रोबोटिक तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देने हेतु जल संस्थान को रोबोट का प्रदर्शन (डेमो) कराने के निर्देश भी दिए।
इस अवसर पर सदस्य अनुसूचित जाति जनजाति उपयोजना श्री जयपाल वाल्मीकि, अपर सचिव श्री श्याम सिंह, निदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. अजय कुमार आर्या, महाप्रबंधक पेयजल श्री प्रणय पुरोहित, दून मेडिकल कॉलेज के डॉ. एन.एस. बिष्ट, सहायक निदेशक शहरी विकास विभाग श्री एस.पी. जोशी सहित संबंधित विभागीय अधिकारी एवं सफाई कर्मचारी संगठन से जुड़े लोग उपस्थित थे।

By admin