देहरादून!एम्स गुवाहाटी के अध्यक्ष प्रो. डॉ. बी. के. एस. संजय ने जापान के क्योटो में आयोजित 46वें सीकॉट ऑर्थोपीडिक वर्ल्ड कांग्रेस में हिप रिप्लेसमेंट सर्जरी पर अपना वैज्ञानिक अध्ययन प्रस्तुत किया। 29 सितंबर से 1 अक्टूबर तक चल रहे इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में 104 देशों के लगभग 5,000 प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं।
अपने प्रस्तुतीकरण में प्रो. संजय ने टोटल हिप रिप्लेसमेंट के दीर्घकालीन परिणामों पर अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि मरीज का सही चयन, बेहतर सर्जिकल तकनीक, उपयुक्त इम्प्लांट और नियमित फॉलो-अप हिप रिप्लेसमेंट की सफलता और उसकी लंबी उम्र के लिए महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि इन सभी पहलुओं का उचित ध्यान रखा जाए तो कुछ सावधानीपूर्वक चयनित मरीजों में हिप रिप्लेसमेंट जीवनभर प्रभावी रूप से काम कर सकता है।
प्रो. संजय ने कहा, “सही मरीज का चयन और उचित योजना के साथ किया गया हिप रिप्लेसमेंट लंबे समय तक अच्छी कार्यक्षमता दे सकता है और संभावित रूप से मरीज के पूरे जीवनकाल तक चल सकता है।”
उन्होंने लंबे समय तक किए जाने वाले क्लिनिकल और रेडियोलॉजिकल फॉलो-अप के महत्व पर भी जोर दिया। उनके अनुसार, हिप रिप्लेसमेंट ने गंभीर रोग से पीड़ित मरीजों के जीवन में बड़ा बदलाव किया है—दर्द से राहत देने के साथ-साथ चलने-फिरने की क्षमता और सक्रिय जीवन में वापसी संभव हुई है।
इस प्रस्तुति के माध्यम से भारतीय चिकित्सकीय अनुभव और दीर्घकालीन परिणामों को दुनिया भर से आए ऑर्थोपीडिक विशेषज्ञों के साथ साझा करने का अवसर मिला।
