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डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी बलिदान दिवस पर विधायक सहदेव पुंडीर ने दी श्रद्धांजलि, ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत किया वृक्षारोपण

देहरादून (सहसपुर): भारतीय जनसंघ के संस्थापक और महान राष्ट्रनायक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान दिवस के अवसर पर सोमवार को सहसपुर विधानसभा अंतर्गत बड़ोवाला स्थित शौर्य वेडिंग प्वाइंट में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे क्षेत्रीय विधायक श्री सहदेव सिंह पुंडीर ने डॉ. मुखर्जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और राष्ट्रसेवा में उनके अद्वितीय योगदान को याद किया।

श्रद्धांजलि सभा में विधायक ने उपस्थित कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि—”डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी न केवल भारतीय जनसंघ के संस्थापक थे, बल्कि वे एक ऐसे दूरदर्शी नेता थे जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति देकर देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रीय स्वाभिमान की रक्षा की। उनका ‘एक देश, एक विधान, एक प्रधान और एक निशान’ का नारा आज भी भारत के प्रत्येक नागरिक के लिए प्रेरणास्त्रोत है।”

उन्होंने कहा कि डॉ. मुखर्जी का जीवन हम सभी कार्यकर्ताओं के लिए एक आदर्श है। उनके विचारों से प्रेरणा लेकर हमें देश की सेवा में समर्पित रहना चाहिए। “डॉ. मुखर्जी का सपना था कि भारत हर क्षेत्र में आत्मनिर्भर और शक्तिशाली राष्ट्र बने। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश उनके दिखाए मार्ग पर आगे बढ़ रहा है,” उन्होंने कहा।

‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत किया वृक्षारोपण

श्रद्धांजलि सभा के उपरांत ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के अंतर्गत विधायक सहदेव सिंह पुंडीर ने कार्यक्रम स्थल पर वृक्षारोपण भी किया। उन्होंने कहा कि—”पर्यावरण संरक्षण आज के समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। हर व्यक्ति को अपनी माँ के नाम एक वृक्ष अवश्य लगाना चाहिए। इससे न केवल पर्यावरण संतुलन बना रहेगा बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी शुद्ध वायु और सुरक्षित प्रकृति मिलेगी।”

विधायक ने उपस्थित लोगों से अपील की कि वे इस अभियान से जुड़कर अधिक से अधिक वृक्ष लगाएं और पर्यावरण बचाने की इस मुहिम को जन-आंदोलन का रूप दें।

प्रदेश व जिला स्तर के भाजपा नेता रहे मौजूद

कार्यक्रम में भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष कुलदीप कुमार, जिलाध्यक्ष मीता सिंह, वरिष्ठ नेता मदन सिंह, मेघ सिंह, दर्शन सिंह रावत, अनिल नौटियाल, जयबीर राणा, सुखबीर बुटोला, गीता मौर्या सहित भाजपा के मंडल पदाधिकारी, शक्ति केंद्र संयोजक, बूथ अध्यक्ष एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने डॉ. मुखर्जी के राजनीतिक, सामाजिक व सांस्कृतिक योगदान पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि जम्मू-कश्मीर को शेष भारत से पूरी तरह जोड़ने के लिए उनके द्वारा किए गए संघर्ष को भुलाया नहीं जा सकता। उनका बलिदान देश की अखंडता को अक्षुण्ण रखने की प्रेरणा देता है।

कार्यक्रम का उद्देश्य

इस श्रद्धांजलि कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को डॉ. मुखर्जी के विचारों व मूल्यों से अवगत कराना था ताकि वे राष्ट्र निर्माण की दिशा में अपनी भूमिका को समझ सकें। वक्ताओं ने कहा कि डॉ. मुखर्जी ने नारा दिया था ‘देश में एक संविधान, एक प्रधान, एक निशान होना चाहिए’—जो अनुच्छेद 370 की समाप्ति के साथ साकार हुआ।

पर्यावरण संरक्षण व राष्ट्रसेवा का संदेश

कार्यक्रम का दूसरा महत्वपूर्ण पहलू ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान रहा, जिसके अंतर्गत सभी कार्यकर्ताओं से एक-एक वृक्ष लगाने का संकल्प भी लिया गया। वक्ताओं ने कहा कि प्रकृति रक्षा भी राष्ट्रसेवा का ही एक रूप है। यदि हर नागरिक एक पौधा अपनी माँ के नाम लगाए तो देश में हर वर्ष करोड़ों पौधे लग सकते हैं, जिससे जलवायु परिवर्तन की गंभीर चुनौतियों से निपटना संभव होगा।

समापन पर राष्ट्रगान और संकल्प

कार्यक्रम के अंत में राष्ट्रगान गाकर डॉ. मुखर्जी के सपनों का भारत बनाने का संकल्प लिया गया। इस अवसर पर अनेक स्थानीय नागरिकों व युवा कार्यकर्ताओं की भी उपस्थिति रही जिन्होंने पर्यावरण संरक्षण व राष्ट्रहित में सक्रिय भागीदारी का आश्वासन दिया।

By admin